भरत तिवारी एनकाउंटर केस: 7 घंटे तक गांव में रही CID की टीम, घटनास्थल पर रीक्रिएशन कर जुटाए सबूत

भरत तिवारी एनकाउंटर केस: 7 घंटे तक गांव में रही CID की टीम, घटनास्थल पर रीक्रिएशन कर जुटाए सबूत

भोजपुर के बिलौटी गांव में जांच तेज, भरत तिवारी के भाई ने बताया आंखों देखा हाल; प्रत्यक्षदर्शियों और परिजनों से भी हुई पूछताछ

आरा/भोजपुर: बिहार के भोजपुर जिले के शाहपुर प्रखंड में हुए भरत तिवारी एनकाउंटर मामले की जांच तेज हो गई है। बुधवार को डीएसपी के नेतृत्व में CID की टीम भरत तिवारी के पैतृक गांव बिलौटी पहुंची। टीम ने करीब सात घंटे तक गांव में रहकर मामले की जांच की। इस दौरान घटनास्थल का निरीक्षण किया गया और घटना की परिस्थितियों को समझने के लिए रीक्रिएशन कराया गया।

मामले की तह तक पहुंचने के लिए CID की टीम ने भरत तिवारी के परिजनों और प्रत्यक्षदर्शियों से पूछताछ की। इस दौरान उनके भाई से भी घटना के संबंध में जानकारी ली गई। भाई ने टीम को अपना आंखों देखा हाल बताया, जिसके आधार पर जांच टीम ने घटनाक्रम को समझने की कोशिश की।

:: घटनास्थल पर पहुंचकर समझा घटनाक्रम

CID की टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण कर घटना से जुड़े पहलुओं की पड़ताल की। घटनास्थल पर रीक्रिएशन कर यह समझने का प्रयास किया गया कि घटना के समय क्या परिस्थितियां थीं और घटनाक्रम किस तरह हुआ। जांच के दौरान टीम ने संबंधित लोगों से जानकारी जुटाई, ताकि अलग-अलग बयानों और घटनास्थल से मिले तथ्यों का मिलान किया जा सके।

:: परिजनों और प्रत्यक्षदर्शियों से पूछताछ

जांच के दौरान भरत तिवारी के परिजनों और घटना के प्रत्यक्षदर्शियों से पूछताछ की गई। उनके भाई के बयान को भी जांच का हिस्सा बनाया गया। मामले में अलग-अलग लोगों से मिली जानकारी के आधार पर घटनाक्रम की कड़ियों को जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है।

:: हाई प्रोफाइल मामले पर टिकी निगाहें

भरत तिवारी एनकाउंटर मामला लगातार चर्चा में बना हुआ है। परिजन और स्थानीय लोग मामले में निष्पक्ष जांच तथा सच्चाई सामने आने की उम्मीद कर रहे हैं। ऐसे में CID की जांच को महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

फिलहाल, उपलब्ध जानकारी के अनुसार CID की टीम ने गांव में कई घंटे तक जांच की और संबंधित लोगों से पूछताछ की। जांच के अंतिम निष्कर्ष, रीक्रिएशन से मिले नतीजों और आगे की कार्रवाई को लेकर आधिकारिक जानकारी सामने आने का इंतजार है।

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